इस अंजुमन से परे उद्विग्न मन की अविरलता..! काल के कपाल की मधुरता .. तेरे दिल - मन की निर्मलता..! चलकर दो चार क़दम दूबों पर यूँ ही आँखों में भरकर ओस की स्निग्धता चूम लिया करो ना क़दमों से अपने पागल ओस की मधुर शीतलता..!!
Thou My Love Don't Lose your Heart..! Go up & Up Like A fountain..‼️ Always Be Firmed Like A mountain..! Never Be Fallen In Rosy Cheeks.. Neither Be Eager Nor Be Faint.. Ups & Downs Are Parts Of Life.. Just Go forward & Take a Rife..‼️
तन्हाई के झरोखे में एक कप चाय बनाते हैं, कुछ कहानियां नई बताते हैं, कुछ पुरानी भी दौहराते हैं, कुछ अजनबी सी बातों में, कुछ अपनों की यादों में, एक कप चाय कम न पडे, एक कप चाय और बनाते हैं..💓